हमारी लाडली

चंचल और चपल, नाजुक और कोमल मनमोहिनी यही हैं पहचान हमारी लाडली की ॥ घर आँगन गुलशन गुलशन रहे इसके आगमन से फिर भी समाज को नहीं भाती जन्म हमारी लाडली की ॥ भूल जाते हैं लोग यही है सृष्टि रचने वाली इसी ने हमें जन्म दिया और बढाया घऱ संसार ॥ बालपन में बापू

Read more 

WHEN I HELD YOU CLOSE #Poem

It was a great surpriseI created you inside meYou were part of mefeeding on my bloodA life growing within me.Silently you lived thereNo Tantrums,No ExcusesStill I cared a lotI counted the daysWhen I will be able to see my little self.I was feeling you inside mebut was curious to seehow you will look like  I

Read more